एनएमडीसी को झारखंड राज्‍य में 2 कोयला ब्‍लॉक आबंटित किए गए 


हाल ही में कोयला मंत्रालय ने एनएमडीसी को कोयला खान (विशेष प्रावधान) अधिनियम 2015 की धारा 5 (1) के अंतर्गत दो कोयला खानों,  रोहने तथा टोकीसूद उत्‍तर का आबंटन किया है। ये दोनों ब्‍लॉक झारखंड के हजारीबाग जिले में स्थित हैं।  


रोहने कोयला ब्‍लॉक में 191 मिलियन टन के निकालने योग्‍य कोयला भण्डार हैं तथा इसकी योजनागत उत्‍पादन क्षमता 8 मिलियन टन वार्षिक है। टोकीसूद उत्‍तर कोयला ब्‍लॉक में  निकालने योग्‍य थर्मल कोल के भण्‍डार लगभग 52 मिलियन टन तथा योजनागत उत्‍पादन क्षमता 2.32 मिलियन टन वार्षिक है। दोनों ब्‍लॉक एक दूसरे से लगभग 10-15 कि.मी. हवाई दूरी पर स्थित हैं। रोहने कोल ब्‍लॉक में कोकिंग कोल है जिसे इस्‍पात संयंत्र में डालने के लिए धोने की आवश्‍यकता हो सकती है इसलिए एनएमडीसी कोयले की धुलाई का संयंत्र लगाने की संभावना तलाश रहा है। एनएमडीसी टोकीसूद उत्‍तर कोयला ब्‍लॉक के आबंटन का करार 24-12-2019 को करने वाला है। रोहने कोयला ब्‍लॉक के आबंटन का करार कोयला मंत्रालय के निर्देशानुसार निष्‍पादन की तिथियों पर किया जाएगा। 


एनएमडीसी को दोनों कोयला ब्‍लॉकों का आबंटन एनएमडीसी के कोयला प्रभाग के अथक प्रयासों का परिणाम है। यह कोयला प्रभाग भारत में कोयले की आस्तियों के लिए हैदराबाद में स्‍थापित किया गया है जो इस्‍पात तथा विद्युत क्षेत्र में लिकेंज प्रदान करने के लिए है। 


श्री एन. बैजेन्‍द्र कुमार, आईएएस, सीएमडी, एनएमडीसी ने इस पर प्रसन्‍नता व्‍यक्‍त की तथा कोयला क्षेत्र में विविधीकरण के संबंध में एनएमडीसी पर विश्‍वास रखने के लिए भारत सरकार एवं विशेष रूप से इस्‍पात मंत्रालय तथा कोयला मंत्रालय को धन्‍यवाद दिया।